कथा सार एवं संपूर्ण कथा Katha Saar & Story
पूतना का वध मथुरा के राजा कंस की मृत्यु के साथ जुड़ा हुआ है जो अपने प्राण बचाने के लिए देवकी के आठवें पुत्र को मारना चाहता था । जिसके लिए उसने राक्षसी पूतना से संपर्क किया जो उस समय कंस के राज्य में जन्में हर शिशु बालक को अपना दूध पिलाकर मार देती थी ।
पूतना कौन थी?:
पौराणिक कथा के अनुसार, पूतना पूर्वजन्म में राजा बलि की पुत्री 'रत्नबाला' (राजकन्या) थी । जब भगवान वामन राजा बलि से तीन पग भूमि मांगने आए, तब उनके सौन्दर्य को देखकर उस राजकन्या के मन में वात्सल्य और अन्य भाव आए थे । तब नारायण ने उससे कहा था कि मैं द्वापर युग में तुम्हारा स्तनपान करूँगा और तुम्हें माता जैसे सद्गति प्रदान करूँगा ।